Sunday, June 21, 2026
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गंडक नदी में डूबने से दो नाबालिग सहोदर भाईयों की मौत, जबकि तीन को ग्रामीणों ने बचा लिया

बेतिया मोहन सिंह।
बड़ी ख़बर बगहा से है जहां नगर थाना क्षेत्र के रत्नमाला घाट स्थित गंडक नदी मे स्नान कर रहे पांच बच्चे नदी की तेज धार में डूब गये। जिसमे स्थानीय लोगों की मदद से तीन सुरक्षित बाहर निकाल लिए गए ,जबकि दो बच्चों की नदी में डूबने से मौत हो गई। मृत दोनो बच्चे सहोदर भाई हैं। जिनकी उम्र क्रमशः 11और् 12 वर्ष है। परिजनों ने शवों के पोस्टमार्टम से इंकार किया है। दरअसल सभी हम उम्र के बच्चे जिनकी उम्र करीब करीब 10 और 12 वर्ष के बीच है। एक साथ दोपहर बाद गंडक नदी मे नहाने गये थे। इसी दौरान सभी एक साथ डूबने लगे। लिहाजा स्थानीय लोगो की मदद से तीन बच्चों को बचाया गया, जबकि बाकी दो बच्चे गंडक नदी के गहरे पानी में डूब गए । जिनमें दो की मौत हों गईं । घटना के बाद परिजनों क़ा रों रों कर बुरा हाल हों गया है। बताया जा रहा है कि घटना के बाद रत्नमाला में कोहराम मच गया औऱ ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गईं। इसी बीच सभी बच्चो को लेकर लोग अनुमंडलीय अस्पताल गये। जहां चिकित्सक डा.एसपी अग्रवाल ने दो बच्चों को मृत घोषित कर दिया ,जबकि एक का इलाज चल रहा है। जिसकी हालत खतरे से बाहर बताइ गईं है। मरने वालों में मो.अरसद 12 वर्ष एवं मो.अफसर 11 वर्ष दोनो मृत बच्चे रत्नमाला वार्ड नंबर 32 निवासी मो असरफ के पुत्र बताए गए हैं । घटना की पुष्टि करते हुए SDH के वरिय चिकित्सा पदाधिकारी डा.एसपी अग्रवाल ने बताया की तीन बच्चो को अस्पताल लाया गया था। उसमे दो की मृत्यु हो चुकी थी। जिन्हे मृत घोषित कर दिया गया है। लेकिन परिजन बगैर पोस्टमार्टम कराये ही बच्चो के शव को साथ लेते गये। जबकि तीसरा बच्चा एहसान अली पिता असगर अली उम्र 8 वर्ष का इलाज चल रहा है। वह खतरे से बाहर है। मृत दोनों बच्चे अपने पांच भाईयो में दोनो बड़े औऱ मझले थे । बता दें की गंडक नदी का जलस्तर फ़िलहाल बढ़ रहा है औऱ शहर का निचला इलाका होनें के कारण नदी में पानी का बहाव तेज़ है लिहाजा अक़्सर स्नान करने के दौरान ऐसी घटनाएं घटित हों रहीं हैं। ऐसे में लोगों को सतर्क रहते हुए नदी किनारे नहीं जाने समेत बच्चों के गंडक नदी में स्नान करने पर रोक लगाने की भी मांग सामाजिक संगठनों द्वारा की जा रहीं है । जिसके लिए प्रशासन ख़ासकर सीओ औऱ कर्मचारी समेत होमगार्ड जवानों की निगरानी बेहद ज़रूरी है । बाइट- कोनेन आलम, स्थानीय, गमछा ओढ़े बाइट- डॉ.एसपी अग्रवाल, चिकित्सा पदाधिकारी, अनुमंडल अस्पताल बगहा

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